कोरोना वायरस को लेकर जिले के नागरिकों से सतर्क रहने की अपील 

 


प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ और जिले के सांसद श्री नकुल नाथ ने कोरोना वायरस को लेकर जिले के लोगों से सतर्क रहने और सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने एक संदेश में कहा है कि इस बीमारी का अब तक कोई इलाज नहीं है, मगर हम जरा सी सावधानी बरतकर इसे काबू में कर सकते हैं। सभी जन बचाव के तरीकों को अपनाकर स्वयं को और अन्य सभी को सुरक्षित रखने में सहयोग करें। 
 मुख्यमंत्री श्री नाथ और सांसद श्री नकुल नाथ ने कहा है कि कोरोना वायरस के संक्रमण से बचने के लिये जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग अपने स्तर पर काम कर रहा है, मगर जब तक आमजन का सहयोग नहीं मिलेगा, तब तक बीमारी पर नियंत्रण संभव नहीं है। भारत ऐसा देश है, जो आपदा के समय सबके साथ खड़ा रहता है और इस बार भी ऐसी ही अपेक्षा सभी नागरिकों से है। उन्होंने जिले के सभी नागरिकों से बेहद जिम्मेदारी और जागरूकता से इस बीमारी से बचने के उपाय करने को कहा है। उन्होंने दिन में कई बार अपने हाथ साबुन से धोने, भीड़ भाड़ वाली जगह में जाने से बचने और ताजा खाना खाने की अपील की है। 
 सांसद श्री नाथ ने कहा कि सर्दी, जुकाम से पीडि़त हर मरीज कोरोना से पीडि़त हो, ऐसा नहीं है। मगर ऐसे मरीजों से दूरी बनाना जरूरी है। बीमार व्यक्ति से हाथ मिलाने से बचें, यदि जरूरी हो तो हाथों को बाद में साबुन से अच्छे से धो लें। छींक या खांसी आने की सूरत में मुंह को ढंक लें। किसी भी ऐसे व्यक्ति के संपर्क में आने से बचें जिसकी तबीयत ठीक न हो। इसमें भी खांसी और छींकने वाले रोगी खास हैं। जानवरों के नजदीक भी जाने से बचें। इसके अलावा मांसाहारी खाने के सेवन से भी बचें। किसी भी तरह से जानवरों के लिए बनाए गये फार्म, पशुओं के बाजार और बूचडख़ाने में जाने से बचें। घर से बाहर निकलते समय मुंह पर मास्क का प्रयोग करें। उन्होंने कहा कि होली का पर्व नजदीक आ रहा है। जिले के नागरिक होली पर विशेष सावधानी रखें और ऐसे रंगों से बचने की कोशिश करें, जिनमें केमिकल का इस्तेमाल किया गया हो या फिर दूसरे देशों से मंगाये गये हों। होली के पर्व पर यह जिम्मेदारी सभी को उठाना पड़ेगी, चाहे वह बच्चा हो या बड़ा। त्यौहार के रंग में ऐसी कोई गलती नहीं करें जो दूसरों के लिए परेशानी का सबब बने। उन्होंने ग्रामीण अंचलों और किसानों से भी विशेष अनुरोध किया है कि वे जंगल या खेतों में जानवरों से एक सुरक्षित दूरी बनाएं और गावों में आसानी से मिलने वाले साबुन, राख या नींबू से हाथ धोये और सर्दी-खांसी होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर तत्काल उपचार करायें। उन्होंने कहा कि नोवल कोरोना वायरस से अनावश्यक भय की आवश्यकता नहीं है। सावधानी एवं सतर्कता से बचाव आसान है। प्रदेश सरकार कोरोना वायरस संक्रमण की निगरानी, रोकथाम, बचाव एवं नियंत्रण के लिये पूर्ण सजग और क्रियाशील है।